सुशिल कुमार शिंदे जी ने हिन्दु-आतंकवाद कहकर गाली दी पहले फिर परिस्थितियां विरोधी देखकर एक औपचारिक 'माफ़ी' भी मांग ली १
क्या समझा जाए?
शिंदे खुद को बेवक़ूफ़ बना रहे हैं या फिर भाजपा को? या फिर भाजपा ही अपनी और उछाली गयी चवन्नी में खुश और संतृष्ट है ?
Zeal
क्या समझा जाए?
शिंदे खुद को बेवक़ूफ़ बना रहे हैं या फिर भाजपा को? या फिर भाजपा ही अपनी और उछाली गयी चवन्नी में खुश और संतृष्ट है ?
Zeal
खुद को-
ReplyDeleteपर जरुरत क्या है-
बढ़िया विषय |
आभार आदरेया-
जयपुर में "भगवा आतंक" की सनसनी फैलाने के बाद इतने दिनों तक अपने बयान पर डटें रहें मंत्री महोदय , ठीक सत्र से पहले क्षमा याचना करते हैं !हैदराबद की आतंकवादी दुर्घटना के बाद यह कह कर कि " मैंने सारे देश में एलर्टजारी करवा दिया" उन्होंने हाथ झाड लिए ! मकबूल द्वारा कबूली गई 'आई एम्' की हैदराबादी रेकी की विशेष जानकारी होते हुए भी न तो केन्द्र न राज्य सरकार ने उधर समुचित ध्यान दिया ! धन्य हैं हमारा सरकारी तन्त्र ?
ReplyDeleteकाश आम भारतीय नागरिक समझते ?
- अंकल आंटी , ब्रूक्लाइन MA,USA
वोट तो सभी को चाहिये.
ReplyDeleteबहुत कठिन है किसी सज्जन के मन को पढ़ पाना
ReplyDeleteअभिषेक मनु सिंघियों और रेणुका चौधरियों की पार्टी है। घिनौनेपन से बाज़ आने से रहे। अब किसी महिला संगठन के पेट में मरोड़ नहीं उठेगा।
ReplyDeleteये तो नेताओं के लिए नई बात नही.
ReplyDeleteराजनीति की बातें राजनेता अच्छा जानते हैं ...
ReplyDeleteये बिल्लियाँ चूहे भी खाती रहती हैं हज भी करती रहती है , ये लोग विश्वास के योग्य कतई नहीँ हैं। धूर्तता इनके खून मेँ हैँ।
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