Showing posts with label insecure female population. brutality. Show all posts
Showing posts with label insecure female population. brutality. Show all posts

Sunday, March 17, 2013

कमीने क़ानून बनाने वाले--

प्राईमरी हेल्थ सेंटर (PHC), शाहजहांपुर में दो साल की बच्ची , जिसने ठीक से चलना और बोलना भी नहीं सीखा था , के साथ वार्ड बॉय ने दो बार बलात्कार किया ! बच्ची को बिस्किट, टॉफी देने का कहकर फुसलाया और अस्पताल के सूने कमरे में दुष्कर्म किया। बच्ची की चीखें सुनकर लोगों ने उसे बचाया। खून से लतपथ बच्ची को उज्जैन अस्पताल में भर्ती कराया गया है। उसकी हालात अत्यंत नाज़ुक है।

जिस समय बच्ची का बलात्कार हो रहा था , उस समय माँ ने PHC में एक बच्चे को जन्म दिया। जब उसे इस दुष्कर्म की सूचना दी गयी तो वह सदमे से बेहोश हो गयी।

अब बेचारे वार्ड बॉय का तो कोई दोष है नहीं , 16 साल का तो हो ही गया होगा। दोष तो उस बच्ची का है जिसने स्वेच्छा से बलात्कार नहीं करवाया !

हवस के भूखे कानूनविदों से मेरी अपील है की 16 की जगह दो साल से ही बलात्कार को लीगल कर दिया जाए ताकि वो 'सेक्स' कहलाये और सुनने में मनोरंजक लगे और यदि संभव हो तो कन्या भ्रूण ह्त्या को भी लीगल किया जाए ताकि " न रहेगा बांस, ना बजेगी बांसुरी "

फिर इस पृथ्वी पर सिर्फ पुरुष बचेंगे और पुरुषों का ही बलात्कार करेंगे ! सृष्टि ही समाप्त हो जाएगी। बसंत फिर कभी नहीं आएगा।

Zeal