Sunday, October 28, 2012

ज्ञान बोध --श्री विजय कुमार माथुर जी

एक जनवरी 1954 को जन्मे श्री माथुर जी एक परम पूज्य अध्यात्म पुरुष हैं ! लखनऊ के विकास नगर में 'शेखुपुरा' नामक कॉलोनी में इनका निवास स्थल है! इन्होने सत्य की खोज में अनेक वर्ष तपस्या करके बहुत सी शक्तियां हासिल कीं जिसका उपयोग वे ज़रुरतमंदों  की मदद करने में करते हैं!

अपनी निस्वार्थ सेवा द्वारा इन्होने अनगिनत लोगों की मदद की है आज तक!

Zeal

12 comments:

Bharat Bhushan said...

परोपकार के लिए किया गया हर कार्य मानवता के लिए लाभकारी है. शुभकामनाएँ माथुर जी को.

भारतीय नागरिक - Indian Citizen said...

बहुत अच्छा व्यक्तित्व होगा, कुछ और भी लिखें इनके बारे में..

चन्द्र भूषण मिश्र ‘ग़ाफ़िल’ said...

वाह!
आपकी इस ख़ूबसूरत प्रविष्टि को कल दिनांक 29-10-2012 को सोमवारीय चर्चामंच-1047 पर लिंक किया जा रहा है। सादर सूचनार्थ

शालिनी कौशिक said...

विजय माथुर जी पर आधारित आपकी ये प्रस्तुति वास्तव में सराहनीय है सार्थक प्रस्तुति बधाई

Virendra Kumar Sharma said...

Good job buddy .

प्रवीण पाण्डेय said...

परिचय का आभार..

रविकर said...

सादर नमन ||

ZEAL said...

भारतीय नागरिक जी , बहुत कुछ है लिखने को श्री माथुर जी के बारे में ! बस समय ही कम पड़ जाता है ! माथुर जी के पास इतनी शक्ति है की एक पल को आँख बंद करके आपका भूत और भविष्य दोनों देख लेते हैं ! आपके घर और दफ्तर का पूरा नक्शा बता देते हैं ! असाध्य रोगों को चुटकियों में दूर कर देते हैं ! पेशे से इन्जिनेयर हैं और देश विदेश में उच्च पदों पर कार्य कर चुके हैं! गरीब अमीर दोनों की समस्याओं का समभाव से समाधान देते हैं!

Dr.NISHA MAHARANA said...

aisse personality ke baare men jaankari dena badi acchi bat hai...

कविता रावत said...

परोपकार से बढ़कर कोई धर्मं नहीं ..
बहुत बढ़िया प्रेरक प्रस्तुति ..आभार

Vaanbhatt said...

परमारथ के कारणे साधून धरा शरीर...

दिवस said...

नमन है ऐसे ज्ञानी तपस्वियों को।